fbpx

यूपी में कृषि यंत्रों पर 40-50 फीसदी छूट

0 721

उत्तर प्रदेश में किसानों के लिए कृषि यंत्रों पर अनुदान दिया जा रहा है। इसके लिए शासन ने पोर्टल पर आनलाइन डिमांड मांगी है। आम तौर खेती में प्रयुक्त होने वाली सभी मशीनों पर यह अनुदान दिया जा रहा है। यह अलग बात है कि यह अनुदान आवेदन करने वाले सभी किसानों को दिया जाएगा या फिर पहले आओ पहले पाओ के आधार पर चुनिंदा किसानों को दिया जाएगा। सरकार द्वारा जारी सूचना से तो यही लग रहा है कि सभी आवेदक किसानों को यह लाभ मिल सकेगा। सब मिशन आफ एग्रीकल्चरल मैकेनाइजेशन योजनान्तर्गत कृषि यंत्रों पर अनुदान की योजना वित्तीय वर्ष 2020-21 के लिए खोली गयी है।

किन यंत्रों पर मिल रही छूट

किन यंत्रों पर मिल रही छूट
हस्त चालित स्प्रेयर, शक्ति चालित स्प्रेयर, एमबी प्लाउू, लेजर लेंड लेबलर, हेरो, कल्टीबेटर, रिजर, मल्टी क्रॉप थ्रेसर, पॉवर आपरेटेड चैफ कटर, स्ट्रारीपर, मिनी राइज मिल, मिनी दाल मिल, मिलेट मिल, आयल मिल विध फिल्टर प्रेस, पैकिंग मशीन, रोटाबेटर, रेज्ड बैड  प्लांटर, पावर टिलर, कम्बाइन हार्बेस्टर सुपर एसएमएस, राइज ट्रान्सप्लानटर एवं योजना के अन्तर्गन अन्य यन्त्रोें पर छूट दी जा रही है।

कितनी मिलेगी छूट
अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति, महिला किसान, लघु एवं सीमांत किसानों को 50 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा। अन्य श्रेणी के कृषकों को 40 प्रतिशत तक अनुदान दिया जाएगा।

किसान को कितनी जमानत राशि जमा करनी होगी
10 हजार रुपए तक के कृषि यंत्रों पर किसानों को कोई भी जमानत राशि जमा नहीं करनी होगी। 10 हजार से अधिक और एक लाख रुपए तक अनुदान वाले यंत्रों पर 2500 रुपए की जमानत राशि जामा करनी होगी। एक लाख से अधिक अनुदान वाले यंत्रों के लिए पांच हजार रुपए जमानत राशि जमा करनी होगी। जमानत राशि का चालान जमा करने के 45 दिन के अन्दर कृषि यंत्र क्रय करके बिल एवं आवश्यक अभिलेख विभागीय पोर्टल पर अपलोड करने होंगे। इसके अलावा जनपर स्तरीय उप कृषि निदेशक कार्यालय में अपलोड करने हेतु उपलब्ध कराने होंगे। तदनुसान लाभार्थी द्वारा क्रय किए गए यंत्र का सत्यापन होने के बाद डीबीटी के माध्यम से अनुदान राशि लाभार्थी के खाते में ट्रांसफर कर दी जाएगी।

किस तरह मिलेगा योजना का लाभ

कृषि विभाग
कृषि विभाग की किसी भी योजना का लाभ लेने के लिए सबसे पहले किसानों को कृषि विभाग के पोर्टल पर पंजीकरण होना चाहिए। जिन किसानों का पंजीकरण नहीं हुआ है वह अपने जनदीकी ब्लाक स्थित कृषि रक्षा इकाई या फिर जनपद स्तरीय उप कृषि निदेशक, जिला कृषि अधिकारी कार्यालय पर संपर्क कर सकते हैं। किसान पंजीकरण कराने के लिए जनसेवा केन्द्रों पर भी संपर्क किया जा सकता है। इसके लिए किसान का आधार कार्ड, खेत की खतौनी, बैंक की पासबुक की छाया प्रति एवं मोबाइल नंबर होना चाहिए।

किसी भी यंत्र को लेने के लिए पोर्टल पर उस यंत्र के बारे में जानकारी देनी होगी। इसके बाद ओटीपी जारी होगा और इस ओटीपी के आधार पर ही चालना जैनरेट होगा। इस चालान को बैंक में जमा करना पड़ेगा। चालान फार्म में दी गई अवधि के अन्दर जमानत राशि अपनी नजदीकी यूनियन बैंक में जमा करनी होगी। 15 जुलाई तक जनपदवार यंत्रों के लक्ष्यों के अनुरूप टोकन जैनरेट होंगे। इसके बाद एक प्रतीक्षा सूची बनाई जाएगी जिसका उपयोग यंत्र न खरीदने वाले किसानों के एवज में दूसरे प्रतीक्षारत किसानों को योजना का लाभ देने के लिए होगी।

Leave A Reply

Your email address will not be published.


The maximum upload file size: 5 MB.
You can upload: image, audio, document, interactive.

This website uses cookies to improve your experience. We'll assume you're ok with this, but you can opt-out if you wish. Accept Read More