किसानों के हित के लिए ओडिशा सरकार का 5टी सिद्धांत, होगा जबरदस्त फायदा - Meri Kheti

किसानों के हित के लिए ओडिशा सरकार का 5टी सिद्धांत, होगा जबरदस्त फायदा

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वैसे तो उड़ीसा (ओडिशा / Odisha) भारत के गरीब राज्यों में से एक है। यहां की ग्रामीण आबादी का एक बड़ा हिस्सा कृषि पर निर्भर है। कुछ वर्षों से इस राज्य में कृषि से जुड़े कार्य में प्रगति आई है। कृषि बजट में वृद्धि और सरकार की नई नीतियों को बहुत ही पुरजोर तरीके से कृषि विकास के लिए लागू किया जा रहा है।

यहां लगभग 70% जनसंख्या कृषि पर निर्भर है। राज्य जीएसडीपी में कृषि क्षेत्र का 26 प्रतिशत तक का ही योगदान है। इसलिए यहां कृषि के क्षेत्र में प्रति व्यक्ति आय बहुत ही कम है। कृषि के क्षेत्र में उड़ीसा का किस तरह से सर्वांगीण विकास हो, इसे लेकर उड़ीसा सरकार ने नए सिद्धांत बनाए हैं। उड़ीसा सरकार के द्वारा पांच ऐसे नए सिद्धांत बनाए गए हैं जिससे कृषि के क्षेत्र में तथा किसानों के लिए बहुत ही लाभदायक सिद्ध होने वाला है। उड़ीसा के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने 5टी  सिद्धांतों पर कार्य करने का आवाहन किया है

क्या है 5टी सिद्धांत (Vision 5T or 5T Charter)?

पिछले दिनों भुवनेश्वर में कृषि एवं किसान अधिकारिता विभाग में 184 मृदा संरक्षण (Soil Conservation) विस्तार कार्यकर्ता शामिल हुए थे। वहाँ आयोजित प्रेरण कार्यक्रम (Induction programme) को संबोधित करते हुए प्रदेश के मुख्यमंत्री नवीन पटनायक ने  किसानों और कृषि के विकास के लिए 5टी सिद्धांतों का पालन करने का आह्वान किया। उन्होंने 5टी सिद्धांत- टीम वर्क, टेक्नोलॉजी, ट्रांसपेरेंसी, ट्रांसफॉर्मेशन और टाइम लिमिट (Teamwork, Technology, Transparency, Transformation, Time Limit ) के बारे में विस्तृत चर्चा किया और बताया की इस पांच फैक्टर पर अगर बेहतर ढंग से कार्य किया जाए तो आनेवाले समय में कृषि के क्षेत्र में ओडिशा के किसानों का झंडा बुलंद रहेगा।

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उन्होंने सभा को संबोधित करते हुए कहा की किसानों को एक टीम के रूप में उनके सेवा क्षेत्र में ले जाकर, टेक्नोलॉजी के उपयोग के साथ त्वरित सहायता प्रदान करना और टाइम लिमिट के अनुसार कार्य करके संपूर्ण पारदर्शिता बनाए रखना, जमीनी स्तर पर बेहतर परिवर्तन ला सकता है और कृषि के क्षेत्र में किसानों को आत्मनिर्भर बना सकता है। सभा को संबोधित करते हुए उन्होंने कहा की मृदा संरक्षण विस्तार कार्यकर्ताओं की 5टी सिद्धांतो को जमीनी स्तर पर लागू करने में अहम भूमिका होती है।

कृषि किसी भी राज्य की अर्थव्यवस्था को सुदृढ़ करने में रीढ की हड्डी साबित होती है। पिछले दो दशकों के दौरान, ओडिशा ने कृषि क्षेत्र में उतना विकास हासिल नहीं किया जितना कि अन्य राज्यों ने किया है। लेकिन उड़ीसा सरकार के द्वारा जिस तरह से 5टी सिद्धांतों को धरातल पर लागू किया जा रहा है, उससे आने वाले समय में अंदेशा लगाया जा सकता है कि कृषि के क्षेत्र में उड़ीसा के किसान अपना परचम अवश्य लहराएंगे और उड़ीसा की अर्थव्यवस्था आने वाले समय में मजबूत बनेगी।

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