अगस्त 2025 में ट्रैक्टर इंडस्ट्री ने जबरदस्त प्रदर्शन किया। खरीफ सीजन की तैयारियों और ग्रामीण मांग की मजबूती ने बाजार को गति दी। फेडरेशन ऑफ ऑटोमोबाइल डीलर्स एसोसिएशन (FADA) की रिपोर्ट के अनुसार, अगस्त 2025 में कुल 85,215 ट्रैक्टर बेचे गए, जबकि अगस्त 2024 में यह संख्या 65,477 थी। इस तरह, उद्योग ने साल-दर-साल 30.14% की प्रभावशाली वृद्धि दर्ज की।
अगस्त 2025 में लगभग सभी बड़ी कंपनियों ने मजबूत बिक्री दर्ज की। महिंद्रा, स्वराज और टैफे ने विशेष रूप से उल्लेखनीय प्रदर्शन किया। कुछ ब्रांड्स ने अपनी बाजार हिस्सेदारी बढ़ाई, जबकि कुछ की हिस्सेदारी में हल्की गिरावट देखी गई।
महिंद्रा एंड महिंद्रा ने अगस्त 2025 में 20,156 ट्रैक्टर बेचे, जो पिछले साल के 16,187 यूनिट्स की तुलना में 24.52% अधिक है। हालांकि, इसकी बाजार हिस्सेदारी 24.72% से घटकर 23.65% रही, जो -1.07% का हल्का बदलाव दर्शाती है।
स्वराज डिवीजन (महिंद्रा)
स्वराज ने अगस्त 2025 में 15,418 ट्रैक्टरों की बिक्री की, जो पिछले साल के 12,225 यूनिट्स से 26.12% ज्यादा है। बावजूद इसके, बाजार हिस्सेदारी 18.67% से घटकर 18.09% हो गई।
टैफे ने अगस्त 2025 में शानदार 54.95% की वृद्धि दर्ज करते हुए 11,028 यूनिट्स बेचीं। इसकी बाजार हिस्सेदारी 10.87% से बढ़कर 12.94% हो गई, यानी +2.07% का सकारात्मक बदलाव।
सोनालीका (इंटरनेशनल ट्रैक्टर्स लिमिटेड)
सोनालीका ने 10,410 यूनिट्स की बिक्री की, जो पिछले साल से 22.46% ज्यादा रही। हालांकि, बाजार हिस्सेदारी 12.98% (2024) से घटकर 12.22% (2025) हो गई।
एस्कॉर्ट्स कुबोटा ने अगस्त 2025 में 8,662 ट्रैक्टर बेचे, जो 47.66% की बड़ी वृद्धि को दिखाता है। इसकी बाजार हिस्सेदारी 8.96% से बढ़कर 10.16% हो गई।
जॉन डियर ने अगस्त 2025 में 5,987 यूनिट्स की बिक्री की, जो 13.07% की वृद्धि रही। फिर भी, इसकी बाजार हिस्सेदारी 8.09% से घटकर 7.03% पर आ गई।
आयशर ने अगस्त 2025 में 5,958 यूनिट्स बेचे, जो 42.37% अधिक रहे। इसकी बाजार हिस्सेदारी भी 6.39% से बढ़कर 6.99% हो गई।
न्यू हॉलैंड ट्रैक्टर (सीएनएच इंडस्ट्रियल इंडिया)
न्यू हॉलैंड ने अगस्त 2025 में 3,900 ट्रैक्टर बेचे, जो 52.70% की उल्लेखनीय बढ़ोतरी है। बाजार हिस्सेदारी भी 3.90% से बढ़कर 4.58% तक पहुंच गई। जबकि 2024 में यह 3.90% थी।
अन्य ब्रांड्स
अन्य कंपनियों ने 3,696 ट्रैक्टरों की बिक्री दर्ज की, जो पिछले साल से 4.20% अधिक है। हालांकि, इनकी बाजार हिस्सेदारी 5.42% (2024) से घटकर 4.34% (2025) रह गई।
अगस्त 2025 भारतीय ट्रैक्टर इंडस्ट्री के लिए एक ऐतिहासिक महीना रहा। कुल बिक्री में 30.14% से अधिक की बढ़ोतरी ग्रामीण अर्थव्यवस्था की मजबूती और किसानों की आधुनिक कृषि मशीनरी में बढ़ती दिलचस्पी को दर्शाती है। यह साफ है कि आने वाले समय में आधुनिक ट्रैक्टरों की मांग लगातार बढ़ती रहेगी।