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Pashu Kisan Credit Card

दुधारू पशु खरीदने पर सरकार देगी 1.60 लाख रुपये तक का लोन, यहां करें आवेदन

दुधारू पशु खरीदने पर सरकार देगी 1.60 लाख रुपये तक का लोन, यहां करें आवेदन

भारत सरकार किसानों की आय बढ़ाने को लेकर नए प्रयास करती रहती है। जिसके अंतर्गत किसानों को खेती बाड़ी के अलावा पशुपालन के लिए भी प्रोत्साहित करती है। इसी कड़ी में अब हरियाणा की सरकार किसानों को दुधारू गाय और भैंस पालने पर लोन तथा सब्सिडी की सुविधा प्रदान कर रही है। जिसको देखते हुए सरकार ने पशु क्रेडिट कार्ड योजना की शुरुआत की है। इस योजना के माध्यम से पशुपालन के इच्छुक किसानों को बिना कुछ गिरवी रखे 1.60 लाख रुपये तक का लोन दिया जा रहा है। पशु क्रेडिट कार्ड के माध्यम से गाय या भैंस खरीदने पर किसानों को 7 फीसदी ब्याज देना होता है। यदि किसान समय से अपना ब्याज चुकाते हैं तो इन 7 फीसदी में 3 फीसदी ब्याज सरकार वहन करती है। किसानों को वास्तव में मात्र 4 फीसदी ब्याज का ही भुगतान करना होता है। जिसे किसान अगले 5 साल तक चुका सकते हैं। जिन किसानों के पास खुद की जमीन है और उसमें वो पशु आवास या चारागाह बनाना चाहते हैं, वो भी इस योजना के अंतर्गत लोन प्राप्त कर सकते हैं। ये भी पढ़े: ये राज्य सरकार दे रही है पशुओं की खरीद पर भारी सब्सिडी, महिलाओं को 90% तक मिल सकता है अनुदान हरियाणा की सरकार ने भिन्न-भिन्न पशुओं पर भिन्न-भिन्न लोन की व्यवस्था की है। कृषि वेबसाइट के अनुसार, पशु किसान क्रेडिट कार्ड का उपयोग करके गाय खरीदने पर 40,783 रुपये, भैंस खरीदने पर 60,249 रुपये, सूअर खरीदने पर 16,237 रुपये और भेड़ या बकरी खरीदने पर 4,063 रुपये का लोन मुहैया करवाया जाएगा। इसके साथ ही मुर्गी खरीदने पर प्रति यूनिट 720 रुपये का लोन प्रदान किया जाएगा। इस योजना के अंतर्गत लोन लेने के लिए किसानों को किसी भी प्रकार की कोई चीज गिरवी नहीं रखनी होगी। साथ ही किसान भाई पशु क्रेडिट कार्ड का उपयोग बैंक के भीतर डेबिट कार्ड के रूप में भी कर सकते हैं। इस योजना के अंतर्गत अभी तक हरियाणा के 53 हजार से ज्यादा किसान लाभ प्राप्त कर चुके हैं। इन किसानों को सरकार के द्वारा 700 करोड़ रुपये से ज्यादा का लोन मुहैया करवाया जा चुका है। योजना के अंतर्गत दुधारू पशु खरीदने के लिए अभी तक 5 लाख किसान आवेदन कर चुके हैं, जिनमें से 1 लाख 10 हजार किसानों के आवेदनों को मंजूरी मिल चुकी है। जिन किसानों को हाल ही में मंजूरी दी गई है उन्हे भी जल्द से जल्द पशु क्रेडिट कार्ड उपलब्ध करवा दिया जाएगा।

पशु क्रेडिट कार्ड योजना के अंतर्गत ये बैंक देते हैं लोन

किसानों को 'पशु क्रेडिट कार्ड योजना' का लाभ देने के लिए सरकार ने कुछ बैंकों का चयन किया है। जिनके माध्यम से किसान जल्द से जल्द अपना 'पशु क्रेडिट कार्ड' बनवा सकते हैं। इनमें सरकार ने स्टेट बैंक ऑफ इंडिया, पंजाब नेशनल बैंक, एचडीएफसी बैंक, एक्सिस बैंक, बैंक ऑफ़ बड़ौदा और आईसीआईसीआई बैंक को शामिल किया है।

पशु क्रेडिट कार्ड योजना के लिए आवश्यक दस्तावेज

आवेदक हरियाणा राज्य का स्थायी निवासी  होना चाहिए, इसके साथ ही लोन लेने के लिहाज से सिविल ठीक होना चाहिए। आवेदक के पास आधार कार्ड ,पेन कार्ड ,वोटर आईडी कार्ड, बैंक खाता डिटेल, मोबाइल नंबर और पासपोर्ट साइज फोटो होना चाहिए। ये भी पढ़े: यह राज्य सरकार किसानों को मुफ़्त में दे रही है गाय और भैंस

ऐसे करें 'पशु क्रेडिट कार्ड' बनवाने के लिए आवेदन

जो भी व्यक्ति 'पशु क्रेडिट कार्ड' बनवाना चाहता है उसे ऊपर बताए गए किसी भी बैंक की नजदीकी शाखा में जाना चाहिए। इसके बाद वहां पर आवेदन पत्र लेकर आवेदन को सावधानी पूर्वक भरें। साथ ही आवेदन के साथ दस्तावेजों की फोटो कॉपी चस्पा करें। ये सभी दस्तावेज बैंक अधिकारी के पास जमा कर दें। आवेदन सत्यापन के एक महीने बाद किसान को पशु केडिट कार्ड दे दिया जायेगा।
हरियाणा सरकार ने 14 फसलों पर MSP से खरीद शुरू की है

हरियाणा सरकार ने 14 फसलों पर MSP से खरीद शुरू की है

हरियाणा सरकार की तरफ से गेहूं एवं धान के साथ-साथ सरकार 367 मंडियों के जरिए मूंग, तिलहन, बाजरा और अन्य खाद्यान्नों की भी खरीद कर रही है। हरियाणा के अंदर वर्तमान मे मक्का, बाजरा, कपास, सूरजमुखी, मूंग, मूंगफली, अरहर, उड़द, तिल, गेहूं, सरसों, जौ, चना और धान की खरीद एमएसपी पर की जा रही है। हरियाणा न्यूनतम समर्थन मूल्य ( एमएसपी ) पर 14 फसलें खरीदने वाला भारत का प्रथम राज्य बन चुका है। हरियाणा सरकार की तरफ से 14 खाद्यान्न फसलों को इस बार एमएसपी मूल्य पर खरीदा गया है। राज्य सरकार की तरफ से गेहूं एवं धान समेत सरकार 367 मंडियों के जरिए मूँग, तिलहन, बाजरा और बाकी खाद्यान्नों की भी खरीद कर रही है। वर्तमान में हरियाणा राज्य के अंदर मक्का, बाजरा, कपास, सूरजमुखी, मूंग, मूंगफली, अरहर, उड़द और तिल की खरीद एमएसपी पर हो रही है। आपको जानकारी के लिए बतादें, कि अधिकांश राज्य गेहूं, धान, कपास एवं गन्ना जैसी कुछ लोकप्रिय फसलों को एमएसपी पर खरीदते हैं। परंतु, हरियाणा भारत का प्रथम ऐसा राज्य है, जिसने 14 फसलों को MSP के भाव पर खरीदा है।

फसल क्षतिग्रस्त होने पर मुआवजा मिलेगा

खट्टर सरकार द्वारा किसानों की चौपट हुई फसलों को लगाकर मुआवजा देने की बात भी कही थी, जो सीधे किसानों के खातों में पहुंचाई जाऐगी। राज्य सरकार ने अत्यधिक बारिश की वजह किसानों की क्षतिग्रस्त हुई फसलों के लिए यह कदम उठाया है। उन्होंने कहा, राज्य सरकार फसल नुकसान का आकलन कर रही है। इस आकलन के उपरांत सरकार किसानों की क्षतिग्रस्त हुई फसलों के लिए मुआवजे की धनराशि को उनके खाते में हस्तांतरित करेगी।

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हरियाणा सरकार किसानों की आर्थिक स्थिति को बेहतर कर रही है

हरियाणा सरकार किसानों को आर्थिक एवं सामाजिक तौर पर सक्षम बनाने की हर संभव कोशिश की जा रही है। इस दिशा में राज्य सरकार की तरफ से विभिन्न योजनाओं का भी संचालन किया जा रहा है। इनमें कुछ प्रमुख योजनाओं में किसान क्रेडिट कार्ड योजना, प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि योजना, डेयरी उद्यमिता विकास योजना (डीईडीएस), किसान ट्रैक्टर योजना, किसान मित्र योजना, कृषि उड़ान योजना, पशु किसान क्रेडिट कार्ड योजना आदि शम्मिलित हैं। बतादें, कि इन योजनाओं के जरिए अनुदान से लेकर अन्य विभिन्न प्रकार के लाभ मिल रहे हैं।

मेरी फसल-मेरा ब्योरा योजना से कृषकों को लाभ

राज्य सरकार की तरफ से इस योजना को 5 जुलाई 2019 में जारी किया गया था। इस योजना की मदद से कृषक अपनी फसल का पूरा ब्योरा इस पोर्टल पर अपलोड कर सकते हैं। वहीं, इसके साथ-साथ अपनी फसलों को लेकर होने वाली किसी भी तरह की बर्बादी आदि का विवरण भी इस पोर्टल में दे सकते हैं।