सोनालीका DI 750 III-4डब्ल्यूडी: 55 एचपी श्रेणी में सबसे लोकप्रिय ट्रैक्टर

Published on: 31-Jan-2026

सोनालीका डीआई 750 III 4WD ट्रैक्टर ताकत और माइलेज का किंग  

सोनालीका एक प्रसिद्ध भारतीय ट्रैक्टर ब्रांड है, जो किसानों के लिए मजबूत और भरोसेमंद ट्रैक्टर बनाता है। इसकी शुरुआत पंजाब में हुई थी और आज यह भारत ही नहीं, बल्कि कई देशों में मशहूर है। सोनालिका के ट्रैक्टर आधुनिक तकनीक और कम ईंधन खपत के लिए जाने जाते हैं। यह ब्रांड किसानों की मेहनत को आसान और खेती को अधिक उत्पादक बनाता है। मेरीखेती के इस लेख में आज हम आपको सोनालीका डीआई 750 III 4WD ट्रैक्टर के बारे में जानकारी प्रदान करेंगे।  

सोनालीका डीआई 750 III 4WD ट्रैक्टर के प्रमुख फीचर्स   

सोनालीका डीआई 750 III 4WD ट्रैक्टर खेती में अपनी शानदार परफॉर्मेंस और मजबूती के लिए जाना जाता है। हालांकि, सोनालीका डीआई 750 III 4WD ट्रैक्टर 55 HP की पावर के साथ आता है, जिससे यह जुताई, बुवाई और ढुलाई जैसे भारी कार्यों के लिए अच्छा विकल्प साबित होता है। आइए जानते हैं, इससे जुड़ी अहम जिम्मेदारियों के बारे में। 

इंजन रेटेड आरपीएम

1900 आरपीएम का इंजन रेटेड स्पीड इस ट्रैक्टर को संतुलित और ईंधन की बचत करने वाला बनाता है। कम आरपीएम पर अधिक टॉर्क मिलने से ट्रैक्टर भारी काम भी आसानी से कर पाता है। इससे इंजन पर कम दबाव पड़ता है और उसकी उम्र लंबी होती है। सही आरपीएम पर इंजन चलने से डीजल की खपत कम होती है और परफॉर्मेंस बेहतर मिलती है। यह फीचर ट्रैक्टर को किफायती, शक्तिशाली और लंबे समय तक चलने वाला बनाता है, जो हर किसान के लिए एक बड़ा फायदा है।

गियर बॉक्स

इस ट्रैक्टर में दिया गया 12 फॉरवर्ड और 12 रिवर्स गियर बॉक्स इसे बेहद लचीला और शक्तिशाली बनाता है। अधिक गियर विकल्प होने से किसान अपनी जरूरत के अनुसार सही स्पीड का चुनाव कर सकता है, चाहे वह हल्की मिट्टी में जुताई कर रहा हो या भारी मिट्टी में गहरी खुदाई। यह गियर सिस्टम ट्रैक्टर को हर तरह के कृषि कार्यों के लिए उपयुक्त बनाता है, जैसे जुताई, बुवाई, कटाई और ढुलाई। ज्यादा रिवर्स गियर होने से ट्रैक्टर को पीछे ले जाना और संकरी जगहों में मोड़ना आसान हो जाता है। इससे समय की बचत होती है और काम ज्यादा सुरक्षित तरीके से पूरा होता है। यह गियर बॉक्स खेत के साथ-साथ सड़क पर ट्रॉली खींचते समय भी स्मूद ड्राइविंग अनुभव देता है और ट्रैक्टर की कार्यक्षमता को कई गुना बढ़ा देता है।

ब्रेक

ऑयल इमर्स्ड ब्रेक आधुनिक ट्रैक्टरों में सुरक्षा और टिकाऊपन का प्रतीक माने जाते हैं। ये ब्रेक तेल में डूबे होने के कारण जल्दी गर्म नहीं होते और लंबे समय तक बेहतर परफॉर्मेंस देते हैं। खेत में काम करते समय, खासकर ढलान वाली जमीन पर या भारी ट्रॉली खींचते समय, मजबूत ब्रेक सिस्टम का होना बेहद जरूरी होता है। ऑयल इमर्स्ड ब्रेक ट्रैक्टर को फिसलने से बचाते हैं और अचानक ब्रेक लगाने पर भी संतुलन बनाए रखते हैं। इससे दुर्घटनाओं की संभावना कम होती है और चालक को ज्यादा भरोसा मिलता है। यह फीचर ट्रैक्टर को सुरक्षित, भरोसेमंद और लंबे समय तक चलने वाला बनाता है।

क्लच

इंडिपेंडेंट क्लच ट्रैक्टर की एक महत्वपूर्ण तकनीकी विशेषता है। इसका मतलब है कि ट्रैक्टर के मूवमेंट और पीटीओ (Power Take Off) को अलग-अलग कंट्रोल किया जा सकता है। इससे किसान बिना ट्रैक्टर रोके कृषि उपकरणों को चालू या बंद कर सकता है। यह सुविधा रोटावेटर, थ्रेशर, कल्टीवेटर और स्प्रेयर जैसे उपकरणों के साथ काम करते समय बहुत फायदेमंद होती है। इंडिपेंडेंट क्लच से न केवल समय की बचत होती है, बल्कि ईंधन की खपत भी कम होती है। यह ट्रैक्टर की कार्यक्षमता को बढ़ाता है और काम को ज्यादा आसान व आरामदायक बनाता है।

स्टीयरिंग

पावर स्टीयरिंग ट्रैक्टर को चलाने में आराम और नियंत्रण दोनों प्रदान करता है। भारी खेतों में, गीली मिट्टी में या फसलों की कतारों के बीच ट्रैक्टर को मोड़ना काफी आसान हो जाता है। इससे चालक को कम ताकत लगानी पड़ती है और लंबे समय तक काम करने पर भी थकान कम महसूस होती है। पावर स्टीयरिंग से ट्रैक्टर पर बेहतर नियंत्रण मिलता है, जिससे काम अधिक सटीक और सुरक्षित तरीके से किया जा सकता है। यह फीचर खासतौर पर उन किसानों के लिए उपयोगी है जो रोजाना लंबे समय तक ट्रैक्टर का उपयोग करते हैं।

हाइड्रोलिक्स 

2200 किलोग्राम की लिफ्टिंग कैपेसिटी इस ट्रैक्टर को भारी कृषि उपकरणों के लिए बेहद उपयुक्त बनाती है। मजबूत हाइड्रोलिक सिस्टम के कारण यह बड़े और भारी औजारों को आसानी से उठा और संभाल सकता है। चाहे वह भारी हल हो, बड़ा कल्टीवेटर हो या रोटावेटर, यह ट्रैक्टर बिना किसी परेशानी के सभी को चला सकता है। अधिक वजन उठाने की क्षमता होने से किसान को बार-बार अलग-अलग मशीनों की जरूरत नहीं पड़ती और एक ही ट्रैक्टर से कई काम पूरे हो जाते हैं। इससे लागत कम होती है और उत्पादकता बढ़ती है।

व्हील ड्राइव: 4WD (फोर व्हील ड्राइव)

4WD सिस्टम ट्रैक्टर की ताकत और पकड़ को कई गुना बढ़ा देता है। इसमें ट्रैक्टर के चारों पहिए पावर के साथ काम करते हैं, जिससे मिट्टी में बेहतर ग्रिप मिलती है। कीचड़ वाली, फिसलन भरी या ऊबड़-खाबड़ जमीन पर भी ट्रैक्टर आसानी से चलता है। 

यह फीचर खासतौर पर भारी जुताई और ढुलाई कार्यों के लिए बहुत उपयोगी है। 4WD सिस्टम से ट्रैक्टर की खींचने की क्षमता बढ़ती है और वह कठिन परिस्थितियों में भी बिना रुके काम करता है। यह ट्रैक्टर को हर तरह के खेतों और मौसम में भरोसेमंद बनाता है।

कीमत एवं वारंटी 

भारतीय वाणिज्यिक वाहन बाजार में सोनालीका डीआई 750 III 4WD ट्रैक्टर की कीमत ₹ 8.18 से ₹ 8.52 लाख तक है। यह प्राइस रेंज भारतीय किसानों की खेती की जरूरतों और बजट को ध्यान में रखते हुए तय की गई है। सोनालिका डीआई 750 III 4WD ट्रैक्टर पर आमतौर पर 5 वर्ष या 5000 घंटे (जो भी पहले आए) की वारंटी मिलती है, जो खरीदारी के दिन से लागू होती है। किफायती कीमत और बेहतरीन वारंटी के चलते सोनालीका डीआई 750 III 4WD ट्रैक्टर तेजी से किसानों के बीच लोकप्रिय हो गया है। 

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