इस राज्य में किसानों को वाटर टैंक बनाने के लिए सरकार दे रही 1 लाख रूपये

Published on: 09-Mar-2023

अब कृषकों को सिंचाई संबंधित समस्याओं से मिलेगी निजात। राजस्थान सरकार द्वारा वाटर टैंक निर्माण हेतु लगभग 1 लाख रुपये! राजस्थान राज्य के कृषकों के लिए यह अच्छी खुशखबरी है। सिंचाई समस्याओं से लड़ रहे यहां के किसान भाइयों को फिलहाल इस समस्या से निजात मिलने वाली है। भूजल समस्या देश के लिए एक बड़ी चुनौती बनती जा रही है। यहां के विभिन्न राज्य इस समस्या से लड़ रहे हैं। इसका किसान भाइयों की खेती-बाड़ी में भी बेहद दुष्प्रभाव देखने को मिल रहा है। क्योंकि खेती-किसानी में सिंचाई का काफी महत्वपूर्ण स्थान है। परंतु, भूजल संकट के कारण से इसे करना फिलहाल काफी मुश्किल सा हो गया है। इसके लिए किसान भाइयों को काफी धन खर्च करना पड़ता है। ऐसे में बहुत से किसान अधिक खर्च के कारण से अपने खेतों एवं फसलों में सिंचाई करने में असमर्थ होते हैं।

राजस्थान के किसान अब सिंचाई की समस्या से पाएंगे निजात

राजस्थान भूजल चुनोतियाँ को झेलने वाले राज्यों में से एक है। ऐसी स्थिति में यहां के कृषकों को सिंचाई चुनौतियों का सामना करना होता है। इस वजह से राज्य सरकार द्वारा कृषकों को बढ़ावा देने के लिए ताल-तलाई, जलहौज (पानी की टंकी) की स्थापना की जा रही है।

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राजस्थान सरकार किसानों को इस संकट से निजात दिलाने के उद्देश्य से आर्थिक सहायता कर रही है। जिसके लिए राजस्थान सरकार के माध्यम से किसानों को जलहौज मतलब पानी की टंकी के निर्माण हेतु 60 फीसद का अनुदान उपलब्ध किया जा रहा है। जिसके माध्यम से किसान जलहौज की स्थापना करके बारिश के जल का संचयन कर इसको सिंचाई अथवा बाकी आवश्यक कृषि कार्यों में उपयोग कर सकते हैं।

सरकार किसानों को 90 हजार रुपये देकर टंकी निर्माण में करेगी सहयोग

राजस्थान सरकार की आधिकारिक पोर्टल राज किसान साथी पोर्टल के मुताबिक, राज्य के कृषकों को न्यूनतम आकार 100 घनमीटर अथवा 1 लाख लीटर जलभराव क्षमता वाली पानी की टंकी के निर्माण हेतु ज्यादा से ज्यादा 90 हजार रुपये प्रदान किए जाएंगे।

इस किसान भाइयों को मिलेगा योजना का फायदा

प्रदेश के समस्त श्रेणी के कृषकों को इस योजना का फायदा मिल पाएगा। बशर्ते योजना का फायदा लेने वाले किसानों के समीप आधी हेक्टेयर भूमि एवं सिंचाई का स्रोत होना जरुरी है। इसके साथ ही किसानों के समीप जमाबंदी की नकल अवश्य होनी चाहिए। साथ ही, यह भी ध्यान रहे कि जमाबंदी की नकल 6 माह से ज्यादा पुरानी नहीं होनी चाहिए।

किसान भाई इस तरह ले सकते हैं योजना का लाभ

राजस्थान राज्य के जो भी किसान इस योजना से फायदा उठाना चाहते हैं। वो राजकिसान साथी पोर्टल के माध्यम से आवेदन कर सकते हैं अथवा वो अपने आसपास के ई-मित्र केन्द्र पर जाकर आवेदन कर सकते हैं।

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